

फोटो जिला सभागार में मुख्यमंत्री घोषणाओं की समीक्षा बैठक लेते जिलाधिकारी मनीष कुमार, अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए।
चम्पावत। जनपद में विकास कार्यों की रफ्तार को लेकर प्रशासन अब पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है। जिलाधिकारी मनीष कुमार ने साफ शब्दों में निर्देश दिए हैं कि मुख्यमंत्री घोषणाओं से जुड़ा कोई भी कार्य अब लंबित नहीं रहना चाहिए।
जिला सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में डीएम ने विभागवार योजनाओं की प्रगति का बारीकी से आकलन किया और अधिकारियों को दो टूक चेतावनी दी कि कार्यों में लापरवाही या ढिलाई किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि सभी योजनाओं को तय समयसीमा में, गुणवत्ता और पारदर्शिता के साथ पूरा करना अनिवार्य है।
बैठक में विशेष जोर देते हुए डीएम ने कहा कि जिन योजनाओं पर अभी तक काम शुरू नहीं हुआ है, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर तत्काल आगे बढ़ाया जाए। साथ ही जिन परियोजनाओं की DPR (विस्तृत परियोजना रिपोर्ट) तैयार होनी है, उन्हें बिना देरी के शासन को भेजा जाए, ताकि बजट स्वीकृति में कोई बाधा न आए।
डीएम मनीष कुमार ने यह भी स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री घोषणाएं सीधे तौर पर जनता से जुड़ी होती हैं, इसलिए इनमें किसी प्रकार की सुस्ती विकास की गति को प्रभावित करती है। उन्होंने सभी विभागों को नियमित स्थलीय निरीक्षण करने और कार्यों की गुणवत्ता बनाए रखने के निर्देश दिए।
समीक्षा के दौरान लंबित कार्यों पर विशेष नाराजगी जताते हुए डीएम ने कहा कि जहां भी कोई बाधा आ रही है, उसका तुरंत समाधान किया जाए और कार्यों में तेजी लाई जाए। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि पूरी हो चुकी योजनाओं का तत्काल हस्तांतरण सुनिश्चित किया जाए, ताकि उनका लाभ आम जनता तक बिना देरी पहुंचे। अधिकारियों को चेताते हुए उन्होंने कहा कि समीक्षा बैठकों में केवल वास्तविक प्रगति ही प्रस्तुत की जाए भ्रामक जानकारी देने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. जी.एस. खाती, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी मोहित मल्ली, जिला विकास अधिकारी दिनेश डिगारी, जिला पंचायत राज अधिकारी महेश कुमार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।


